मध्यप्रदेश के कई प्रमुख शहरों में पेट्रोल-डीजल और CNG के दाम बढ़ गए हैं। इस बदलाव से आम जनता की जेब पर असर पड़ेगा, क्योंकि ईंधन की कीमतें रोजमर्रा की जिंदगी में अहम भूमिका निभाती हैं। मध्यप्रदेश में पेट्रोल-डीजल और CNG की नई दरें अब कई शहरों में लागू हो चुकी हैं, जिनका विस्तृत विवरण नीचे दिया गया है।
मध्यप्रदेश में ईंधन की नई कीमतें और औसत दर
राज्य में पेट्रोल की औसत दर लगभग ₹114.85 से ₹115.36 प्रति लीटर के बीच है। वहीं, डीजल की औसत कीमत ₹100.44 प्रति लीटर के आसपास बनी हुई है। CNG की कीमतें ₹95.76 से लेकर ₹102 प्रति किलोग्राम तक के दायरे में देखने को मिल रही हैं। यह बदलाव अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतों और मुद्रा विनिमय दर में उतार-चढ़ाव के कारण हुआ है।
इसके अलावा, स्थानीय वैट और टैक्स भी ईंधन की कीमतों में भूमिका निभाते हैं। तेल विपणन कंपनियां नियमित रूप से इन कारकों के आधार पर दरें तय करती हैं।

भोपाल, इंदौर और ग्वालियर में CNG की बढ़ी कीमतें
राजधानी भोपाल में पेट्रोल की कीमत ₹106.47 से ₹108.65 प्रति लीटर के बीच है, जबकि डीजल ₹91.84 से ₹93.90 प्रति लीटर पर उपलब्ध है। CNG की कीमत भोपाल में ₹97.50 प्रति किलोग्राम दर्ज की गई है।
इंदौर और ग्वालियर में भी CNG की दरें लगभग ₹97.76 प्रति किलोग्राम तक पहुंच गई हैं। यह वृद्धि ईंधन की मांग और सप्लाई के संतुलन के कारण हुई है।
आगर, बालाघाट और बैतूल के जिलों में CNG के दाम अधिक
मध्यप्रदेश के आगर, बालाघाट और बैतूल जिलों में CNG की कीमतें अन्य क्षेत्रों की तुलना में अधिक हैं। यहां CNG का मूल्य ₹106.50 प्रति किलोग्राम तक पहुंच गया है। यह मुख्य रूप से वितरण और आपूर्ति की लागत में अंतर के कारण है।
इन इलाकों में सप्लाई करने वाली प्रमुख गैस कंपनियां थिंक गैस, अवंतिका गैस और गेल हैं, जो क्षेत्रीय आधार पर CNG की आपूर्ति करती हैं।

मध्यप्रदेश में CNG सप्लाई करने वाली प्रमुख कंपनियां
थिंक गैस मुख्य रूप से भोपाल, राजगढ़ और शिवपुरी जिलों में CNG की आपूर्ति करती है। वहीं, अवंतिका गैस लिमिटेड इंदौर, उज्जैन और ग्वालियर जैसे मालवा क्षेत्र के जिलों में वितरण करती है।
इसके अतिरिक्त, गेल (GAIL) भी राज्य में CNG की सप्लाई का एक बड़ा स्रोत है। ये कंपनियां स्थानीय बाजार की मांग और अंतरराष्ट्रीय कच्चे तेल की कीमतों के आधार पर कीमतों में बदलाव करती हैं।
पेट्रोल-डीजल और CNG की कीमतें तय करने का तरीका
भारत में पेट्रोल और डीजल की कीमतों को तेल विपणन कंपनियां अंतरराष्ट्रीय क्रूड ऑयल के भाव, अमेरिकी डॉलर और भारतीय रुपए की विनिमय दर, तथा स्थानीय टैक्स संरचना के आधार पर तय करती हैं।
इसके अलावा, CNG की दरें स्थानीय आपूर्ति, वितरण लागत और प्रतिस्पर्धात्मक बाजार स्थितियों के अनुसार निर्धारित की जाती हैं। इस तंत्र से उपभोक्ताओं को पारदर्शिता और उचित मूल्य सुनिश्चित होता है।
ईंधन की बढ़ती कीमतों का आम आदमी पर असर
पेट्रोल-डीजल और CNG की कीमतों में वृद्धि का सीधा असर आम नागरिकों की रोजमर्रा की जिंदगी पर पड़ता है। इससे परिवहन लागत बढ़ती है, जो वस्तुओं और सेवाओं की कीमतों में भी इजाफा कर सकता है।
खासकर उन लोगों के लिए यह चुनौतीपूर्ण है जो सार्वजनिक परिवहन या निजी वाहनों पर निर्भर हैं। इसलिए, उपभोक्ताओं को ईंधन की नई कीमतों से अपडेट रहना जरूरी है ताकि वे अपने खर्चों को बेहतर तरीके से प्रबंधित कर सकें।
