मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर राहुल गांधी का हमला तेज़ हो गया है। उन्होंने लोकसभा में स्पष्ट रूप से कहा कि वोट चोरी टॉप लेवल से हो रही है। राहुल गांधी ने इस आरोप के साथ चुनाव प्रक्रिया और मतदाता सूची में गड़बड़ी की बात उठाई है, जिससे लोकतंत्र खतरे में है।
राहुल गांधी ने ज्ञानेश कुमार पर लगाया बड़ा आरोप
लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर सीधे आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग की मतदाता सूची में करोड़ों नाम गलत तरीके से हटाए गए हैं। उन्होंने दावा किया कि इस प्रक्रिया में शीर्ष नेतृत्व का हाथ है। राहुल गांधी ने ज्ञानेश कुमार की मिलीभगत प्रधानमंत्री मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से जोड़ी।
उन्होंने ज्ञानेश कुमार के तत्काल इस्तीफे की मांग की और कहा कि उन्हें इस मामले में सरकारी गवाह बन जाना चाहिए। यह आरोप चुनाव प्रक्रिया की पारदर्शिता पर बड़ा सवाल उठा रहा है।

विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) प्रक्रिया विवादित बनी
मतदाता सूची के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) को लेकर विपक्ष ने चुनाव आयोग पर भारी आरोप लगाए हैं। विपक्ष का कहना है कि इस प्रक्रिया में बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम अनुचित तरीके से हटाए गए हैं। इससे करोड़ों लोगों के वोट देने के अधिकार पर खतरा मंडरा रहा है।
चुनाव आयोग ने इस प्रक्रिया को संवैधानिक और नियमों के अनुसार बताया है, लेकिन विपक्ष का विरोध जारी है। यह विवाद चुनाव आयोग की विश्वसनीयता और चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर प्रश्न चिन्ह लगाता है।
सुप्रीम कोर्ट में सुनवाई और आयोग की प्रतिक्रिया
27 अक्टूबर 2026 को सुप्रीम कोर्ट में विपक्षी नेताओं की याचिकाओं पर सुनवाई हुई। अदालत ने चुनाव आयोग के जवाबी हलफनामे का जवाब दाखिल करने के लिए 10 दिन का समय दिया है। सुनवाई फिलहाल स्थगित कर दी गई है।
चुनाव आयोग और मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार ने सभी आरोपों को खारिज करते हुए इन्हें बेबुनियाद बताया है। आयोग ने 250 से अधिक पन्नों के हलफनामे में कहा कि उनकी कार्यवाही संविधान और नियमों के तहत हुई है।

दिल्ली में जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन
इंडिया गठबंधन के सांसदों ने दिल्ली में जंतर-मंतर पर विरोध प्रदर्शन किया। उन्होंने ज्ञानेश कुमार के खिलाफ मॉक्ड पार्लियामेंट आयोजित किया और सांकेतिक महाभियोग चलाने की घोषणा की। यह प्रदर्शन चुनाव आयोग की कार्यप्रणाली के खिलाफ गहरा असंतोष दर्शाता है।
राहुल गांधी ने दिल्ली के व्यापारियों को भी समर्थन दिया और उन्हें 1 नवंबर को रामलीला मैदान में ‘वोट बचाओ’ रैली में शामिल होने का आह्वान किया। इस रैली का उद्देश्य वोट चोरी के खिलाफ जन जागरूकता फैलाना है।
व्यापारियों के लिए राहुल गांधी का संदेश
राहुल गांधी ने दिल्ली के हर व्यापारी से एकजुट होने का आग्रह किया। उन्होंने कहा कि सरकार ने मेट्रो बंद कर दी, सड़कों को सील कर राजधानी को लॉकडाउन कर दिया। उन्होंने चेतावनी दी कि जब वोट चोरी हो जाएगी, तो न दुकान, न बचत, न बच्चों का भविष्य सुरक्षित रहेगा।
उन्होंने मोदी से कहा कि ज्ञानेश कुमार को तुरंत हटाएं, ताकि आंदोलन 30 सेकंड में रुक जाए। यह संदेश व्यापारिक समुदाय में सरकार के खिलाफ गुस्सा और असंतोष की गूंज है।
एसआईआर रोकने की मांग कर रहा विपक्ष
चुनाव आयोग और विपक्ष के बीच यह टकराव आगामी चुनाव और लोकतांत्रिक प्रक्रिया पर गहरा असर डाल सकता है। विपक्ष की मांग है कि एसआईआर प्रक्रिया को तुरंत रोका जाए और मतदाता सूची में गड़बड़ी का समाधान निकाला जाए।
1 नवंबर की रैली के बाद राजनीतिक दबाव और भी बढ़ सकता है। सुप्रीम कोर्ट की अगली सुनवाई में भी इस मुद्दे पर तीव्र बहस होने की संभावना है। यह मामला देश के चुनावी सुधार और लोकतंत्र की मजबूती के लिए महत्वपूर्ण साबित होगा।
