इंदौर हाईकोर्ट ने प्रमुख चौराहों पर चार जवान तैनात करने के निर्देश दिए हैं ताकि शहर की यातायात व्यवस्था में सुधार लाया जा सके। यह आदेश 26 अक्टूबर 2026 को मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने जारी किया।
हाईकोर्ट ने प्रमुख चौराहों पर चार जवान तैनात करने का किया आदेश
मध्य प्रदेश हाईकोर्ट की इंदौर खंडपीठ ने यातायात सुधार के लिए शहर के सभी प्रमुख चौराहों पर कम से कम चार ट्रैफिक पुलिसकर्मियों की तैनाती अनिवार्य कर दी है। न्यायमूर्ति सुबोध अभ्यंकर और न्यायमूर्ति जय कुमार पिल्लई की पीठ ने यह आदेश यातायात व्यवस्था की बिगड़ती स्थिति को देखते हुए दिया है। इससे पहले 2019 और 2026 में दो-दो पुलिसकर्मियों की तैनाती के आदेश दिए गए थे, लेकिन उनका सही पालन नहीं हो पाया।

गलत दिशा में वाहन चलाने वालों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश
कोर्ट ने रॉन्ग साइड ड्राइविंग, बिना नंबर प्लेट या फर्जी नंबर प्लेट उपयोग करने वाले और अवैध हूटर/सायरन लगाने वालों के खिलाफ मौके पर ही चालान या वाहन जब्त करने का निर्देश भी दिया है। इससे ट्रैफिक नियमों का उल्लंघन रोकने में मदद मिलेगी।
गृह विभाग के प्रमुख सचिव को कोर्ट में पेश होने का आदेश
यातायात सुधार में सरकार की लापरवाही पर नाराजगी जताते हुए हाईकोर्ट ने मध्य प्रदेश गृह विभाग के प्रमुख सचिव को 30 नवंबर 2026 को अगली सुनवाई में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित होने का आदेश दिया है। कोर्ट उनसे यातायात सुधार के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी मांग रही है।
नई ट्रैफिक सुधार समिति का गठन
हाईकोर्ट ने अतिरिक्त महाधिवक्ता राहुल सेठी की अध्यक्षता में एक नई ट्रैफिक सुधार समिति बनाने का निर्देश दिया है। यह समिति नियमित रूप से यातायात सुधार के उपायों की समीक्षा करेगी और उनकी निगरानी सुनिश्चित करेगी। इससे शहर की ट्रैफिक व्यवस्था में दीर्घकालीन सुधार की संभावना बढ़ेगी।
आवासीय भवनों में पार्किंग नियमों पर विचार के लिए निर्देश
कोर्ट ने इंदौर नगर निगम से पूछा है कि क्या आवासीय भवनों के नक्शों की स्वीकृति के समय कम से कम दो वाहनों की पार्किंग अनिवार्य की जा सकती है। यह कदम पार्किंग की समस्या को कम करने और ट्रैफिक जाम से निपटने में सहायक होगा।
ध्वनि प्रदूषण नियंत्रण के लिए अतिरिक्त निर्देश
इसके अतिरिक्त, कोर्ट ने शहर के साइलेंस ज़ोन की सूची समाचार पत्रों में प्रकाशित करने और थानों में साउंड मीटर उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए हैं। इससे ध्वनि प्रदूषण पर नियंत्रण में मदद मिलेगी और नागरिकों को राहत मिलेगी।
